रुद्रपुर। गदरपुर में फर्जी जाति प्रमाणपत्र बनाने की जांच पटवारी को सौंप दी गई है। जांच के दौरान हेरफेर कर बने प्रमाणपत्रों की कई और परतें खुलकर सामने आने का अनुमान है। गदरपुर तहसील में पिछले पांच साल में 19,620 स्थायी निवास और 8400 जाति प्रमाणपत्र जारी किए गए हैं। 400 प्रमाणपत्रों की जांच की जा चुकी है। इनमें नौ स्थायी व चार जाति प्रमाणपत्रों संदिग्ध पाए गए हैं जिन्हें जिला स्क्रूटिनी कमेटी को जांच आख्या के साथ निरस्त करने की संस्तुति कर दी गई है। जांच के दौरान टीम ने पाया था कि वर्ष 1988 की वोटर लिस्ट में हेरफेर हुई। राज कौर के नाम को वोटर लिस्ट से हटाकर उसकी जगह अलाउद्दीन का नाम जोड़ दिया गया। इसी के आधार पर उसे जाति प्रमाणपत्र जारी हो गया। जाति प्रमाणपत्र किसने बनाया और दस्तावेज में हेरफेर किसने की, इसकी जांच पटवारी को सौंप दी गई है।
गदरपुर में बने फर्जी जाति प्रमाणपत्र बनाने की जांच पटवारी को सौंपी
RELATED ARTICLES







