Wednesday, January 7, 2026
advertisement
Homeउत्तराखण्डपीसीबी की भूमिका पर सवाल रसायन युक्त पानी छोड़े जाने से जलीय...

पीसीबी की भूमिका पर सवाल रसायन युक्त पानी छोड़े जाने से जलीय जीवन तबाह

रुद्रपुर में जिले की कल्याणी और बेगुल नदियां इन दिनों प्रदूषण की शिकार हैं लेकिन इससे भी ज्यादा चिंता की बात यह है कि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की भूमिका पूरी तरह सवालों के घेरे में है। नदियों में खुलेआम दूषित और रासायनिक पदार्थ गिर रहा है जिससे मछलियां मर रही हैं। किसान और ग्रामीण परेशान हैं फिर भी जिम्मेदार विभाग का रवैया लापरवाही भरा दिख रहा है।दो महीने पहले कल्याणी नदी में रासायनिक पदार्थ डालने से बड़ी संख्या में मछलियों की मौत हुई थी। घटना के बाद प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और जिला प्रशासन ने औपचारिक सक्रियता दिखाते हुए जांच के आदेश जारी किए। पानी के नमूने लेने की बात कही और दोषियों पर कार्रवाई का भरोसा दिलाया था लेकिन हकीकत यह है कि आज तक न तो जांच रिपोर्ट सार्वजनिक हुई न किसी फैक्टरी पर कार्रवाई दिखाई दी। कल्याणी नदी में आज भी लगातार दूषित पानी बह रहा है।

बेगुल में जहर से मर गई थी मछलियां
कुछ दिन पहले जहर से बेगुल नदी में मछलियों के मरने की घटना सामने आई थी। स्थानीय लोगों का आरोप है कि कुछ औद्योगिक कंपनियां रात में रासायनिक अपशिष्ट सीधे नदी में छोड़ देती हैं। इसके बाद भी नदी को प्रदूषित करने वालों पर कार्रवाई नहीं हो रही है।प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से कल्याणी नदी की जांच के संबंध में किसी तरह की रिपोर्ट अभी तक नहीं सौंपी गई है। बोर्ड के अधिकारियों को जल्द ही रिपोर्ट सौंपने को कहा है। बेगुल नदी में भी रसायन डालने की जांच को लेकर जरूरी दिशा निर्देश दिए गए हैं। – पंकज उपाध्याय, एडीएम

बेगुल नदी की सैंपलिंग कराई गई है और इस घटना की विस्तृत जांच कराई जा रही है। जल्द ही इसकी रिपोर्ट तैयार कर डीएम को सौंप दी जाएगी। इसके अलावा संबंधित दोषी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। – आरपी सिंह, क्षेत्रीय अधिकारी, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड

spot_img
spot_img
spot_img
RELATED ARTICLES
- Advertisment -
Google search engine
https://bharatnews-live.com/wp-content/uploads/2025/10/2-5.jpg





Most Popular

Recent Comments