देहरादून। उत्तराखंड के चार लाख 11 हजार से अधिक घरों पर यूपीसीएल के स्मार्ट मीटर लग चुके हैं। गढ़वाल में मीटर ज्यादा लगने हैं लेकिन अब तक के रुझानों के हिसाब से कुमाऊं मंडल स्मार्ट मीटरिंग में आगे है।आरडीएसएस योजना के तहत प्रदेश में 3,529.95 करोड़ की परियोजनाओं पर काम चल रहा है। गढ़वाल मंडल में अब तक 1,74,769 उपभोक्ता स्मार्ट मीटर और 1,504 फीडर मीटर लगाए जा चुके हैं। कुमाऊं मंडल में 2,36,589 उपभोक्ता मीटरों की स्थापना पूरी हो चुकी है। इस तरह प्रदेश भर में लगभग 15.87 लाख उपभोक्ता स्मार्ट मीटर के लक्ष्य के सापेक्ष अब तक 4.11 लाख से अधिक मीटर लग चुके हैं। यूपीसीएल के एमडी अनिल कुमार ने बताया कि कुल आवंटित बजट 3529.95 करोड़ में से अब तक 575.22 करोड़ खर्च हो चुके हैं। केंद्र सरकार की ओर से स्मार्ट मीटर कार्यों के लिए 10.51 करोड़ की ग्रांट भी जारी की जा चुकी है।
बिजली की हानि में आई कमी
बिजली के तकनीकी नुकसान (लाइन लॉस) को कम करने के लिए जिलावार कार्यों का आवंटन किया गया है। वित्तीय प्रगति के मामले में हरिद्वार 86.43% काम के साथ सबसे आगे है। रुद्रपुर 42.05, देहरादून ग्रामीण 34.44%, काशीपुर और हल्द्वानी में 30% से अधिक पूरा हो चुका है। बिजली की रीयल-टाइम मॉनिटरिंग के लिए 215 सब-स्टेशनों पर आरटीडीएएस सिस्टम लगाया जा चुका है, जिसमें से 211 पर टेस्टिंग भी पूरी हो गई है। ऋषिकेश के गंगा कॉरिडोर में बिजली की लाइनों को भूमिगत करने और ऑटोमेशन के लिए भी 547.83 करोड़ के प्रोजेक्ट को मंजूरी मिल गई है।







