नगर क्षेत्र में आज लोहड़ी का पर्व पारंपरिक श्रद्धा और जबरदस्त उत्साह के साथ मनाया गया। कड़कड़ाती ठंड के बीच ढोल-नगाड़ों की थाप ने वातावरण में गर्मी भर दी, जहां श्रद्धालुओं ने पवित्र लोहड़ी प्रज्वलित कर सुख-समृद्धि की कामना की। अग्नि के चारों ओर फेरे लेते हुए लोगों ने तिल, मूंगफली और रेवड़ी अर्पित की और एक-दूसरे का मुंह मीठा कराकर पर्व की शुभकामनाएं साझा कीं।हरिद्वार रोड स्थित 72 सीढ़ी के समीप गंगेश्वर महादेव मंदिर, त्रिवेणीघाट, पंजाबी महासभा की ओर से तिलक रोड के अलावा लक्ष्मणझूला, स्वर्गाश्रम, मुनि की रेती, तपोवन आदि जगहों पर धूमधाम के साथ ढोल नगाड़े की धुन पर लोहड़ी जलाई गई।
इससे पहले लोगों ने लोहड़ी की परिक्रमा कर विधि-विधान के साथ पूजन किया। उसके बाद लोहड़ी में मूंगफली, रेवड़ी प्रसाद की आहुति दी। देहरादून रोड पर समाजसेवी सरदार मंगा सिंह ने लोहड़ी का आयोजन किया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रतिभाग किया।मुनि की रेती शीशमझाड़ी स्थित श्री मां कात्यायनी मंदिर ज्ञान करतार आश्रम ट्रस्ट की ओर से आश्रम परिसर में लोहड़ी पर्व धूमधाम के साथ मनाया गया। ट्रस्ट के अध्यक्ष गुरुविंदर सलूजा ने शहर वासियों को लोहड़ी पर्व की शुभकामनाएं देते हुए मूंगफली और रेवड़ी का प्रसाद वितरित किया।
अज्ञान के अंधकार को जलाने का पर्व : स्वामी चिदानंद
परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती ने परमार्थ त्रिवेणी पुष्प प्रयागराज से लोहड़ी पर्व की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि जीवन केवल उत्सव का नाम नहीं, बल्कि उत्साह के साथ उद्देश्य का भी होना आवश्यक है। प्रकाश केवल दीपक में नहीं, विचारों में भी जलना चाहिए। लोहड़ी का यह पर्व केवल आग जलाने का नहीं, बल्कि अज्ञान के अंधकार को जलाने का पर्व बने।
लोहड़ी पर्व भाईचारे व आपसी सौहार्द का प्रतीक : प्रेमचंद
विधायक प्रेमचंद अग्रवाल ने अपने आवास पर पहुंचे कार्यकर्ताओं को मिष्ठान वितरण कर शुभकामनाएं दीं। विधायक ने कहा कि लोहड़ी पर्व सामाजिक समरसता, भाईचारे और आपसी सौहार्द का प्रतीक है, जो समाज को एक सूत्र में बांधने का कार्य करता है। ऐसे पर्व हमारी सांस्कृतिक विरासत को मजबूत करते हैं और समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं। इस मौके पर गजेंद्र राणा, संदीप कुलियाल, संदीप पंवार, अमर सिंह रावत, रामानंद भट्ट, विकास कुमार, अरुण डबराल आदि मौजूद रहे।







