देहरादून वाया हरबर्टपुर से विकासनगर तक इलेक्ट्रिक सिटी बसों के संचालन की मांग फिर जोर पकड़ने लगी है। रूट पर बसों का संचालन न होने पर लोगों ने 14 अप्रैल से बाबा भीमराव अंबेडकर की जयंती पर विधायक आवास पर धरने पर बैठने की चेतावनी दी है। देहरादून से हरबर्टपुर और विकासनगर तक अभी निजी बसें ही सार्वजनिक यातायात का एकमात्र साधन हैं।बीते वर्ष मार्च माह में दिशा की बैठक में नगर पालिकाध्यक्ष हरबर्टपुर नीरू देवी और नगर पालिकाध्यक्ष विकासनगर धीरज बॉबी नौटियाल ने देहरादून से वाया हरबर्टपुर, विकासनगर से कालसी तक इलेक्ट्रिक सिटी बसों के संचालन की मांग की थी। टिहरी गढ़वाल सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह के निर्देश के बाद स्मार्ट सिटी योजना के तहत रूट पर बसों के संचालन का सफल ट्रायल हुआ था। किराया तय करने के साथ परमिट भी जारी करने की तैयारी हो गई थी लेकिन फिर अचानक रूट को बदल दिया गया।
देहरादून से वाया लांघा रोड से रुद्रपुर तक बसें संचालित की जा रही हैं। इससे विकासनगर, हरबर्टपुर और कालसी की बड़ी आबादी को बस सेवा का लाभ नहीं मिल पा रहा है। निजी बसों के स्टॉपेज तय न होने के कारण इसमें सफर का समय तय नहीं होता है। कामकाजी लोग और छात्र छोटे सवारी वाहनों से हरबर्टपुर चौक तक जाते हैं। यहां से रोडवेज बसों में बैठकर कार्यस्थलों और कॉलेज तक पहुंचते हैं, ऐसे में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।निजी बसों यूनियनों को लाभ पहुंचाने के लिए विकासनगर तक इलेक्ट्रिक सिटी बस के संचालन में रोड़ा अटकाया गया। कामकाजी लोग, छात्र और जरूरी काम से देहरादून जाने वाले लोगों को सुलभ यातायात की सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए इलेक्ट्रिक सिटी बसों का संचालन जरूरी है। जल्द संचालन शुरू नहीं हुआ तो 14 अप्रैल को विधायक के आवास पर आम जनता धरने पर बैठेगी।- अरविंद शर्मा, ह्यूमन राइट एंडी आरटीआई एसोसिएशन
निजी बसोंं में यात्रा का समय निर्धारित नहीं है। पुरानी बसों में सफर करने से बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ता है। जब ट्रायल सफल रहा था तो बसों का संचालन भी तय रूट पर ही होना चाहिए। इलेक्ट्रिक सिटी बस बसों का संचालन बहुत जरूरी है। – विजेंद्र वालिया, सामाजिक कार्यकर्ता







